उत्तर प्रदेश के अयोध्या में प्रेमी ने पहले प्रेमिका की गोली मारकर हत्या कर दी, फिर खुद को गोली से उड़ा लिया। मामला देवकाली बाईपास पर स्थित एक होटल में सामने आया है। रविवार शाम को दोनों के शव मिलने से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। बताया जा रहा है कि मृतक युवती बाराबंकी के बसपा जिलाध्यक्ष केके रावत की बेटी थी। वहीं, युवक देवरिया का रहने वाला आयुष कुमार गुप्ता था। शुरुआती जांच में मामला प्रेम प्रसंग का निकला, हालांकि पुलिस जांच कर रही है। सूत्रों के मुताबिक आयुष ने सुबह 10 बजे कमरा बुक करवाया था।
युवती के पास कोई पहचान पत्र नहीं मिला है। दोनों ने साढ़े 12 बजे कमरा बंद कर लिया था। शाम को 6 बजे तक कोई हरकत नहीं होने पर होटल स्टाफ ने दरवाजा खटखटाया था। इसके बाद कोई जवाब नहीं मिलने पर पुलिस को मौके पर बुलाया गया। पुलिस की मौजूदगी में दरवाजा तोड़ा गया तो दोनों के शव बेड पर पड़े मिले।
मामा ने की युवती की पहचान
शुरुआत जांच में पुलिस को मौके से 1 पिस्टल और 2 कारतूस मिले हैं। युवक-युवती के माथे पर गोलियां लगी हैं। युवती की पहचान अरोमा रावत के तौर पर हुई है। युवती अयोध्या से नर्सिंग का कोर्स कर रही थी। कुछ दिन पहले ही वह बाराबंकी से अयोध्या लौटी थी। युवती की पहचान उसके मामा धीरेंद्र कुमार ने की, जो हरदोई में हेड कॉन्स्टेबल के तौर पर तैनात है।
तीसरे व्यक्ति की भूमिका नहीं मिली
बताया जा रहा है कि युवक-युवती अलग-अलग बिरादरी से थे। दोनों के बीच किसी प्रकार का पारिवारिक रिलेशन या कोई और बात सामने नहीं आई है। शुरुआती जांच में माना जा रहा है कि दोनों सोशल मीडिया के जरिए एक-दूसरे के संपर्क में आए। दोनों को लगा कि उनका प्रेम-प्रसंग परवान नहीं चढ़ पाएगा, इसलिए आत्महत्या जैसा कदम उठा लिया। पुलिस को मामले में किसी तीसरे व्यक्ति की भूमिका नहीं मिली है। मौके से सबूत जुटाकर शव पोस्टमार्टम के लिए भेजे गए हैं।
