ग्वालियर। मध्यप्रदेश के ग्वालियर में कोचिंग संस्थान, गर्ल्स स्कूल और कॉलेजों के आसपास मंडराने वाले मनचलों को सबक सिखाने के लिए पुलिस फोर्स गुरुवार को सडक पर उतरा। शहर के चार इलाके, जहां सबसे ज्यादा कोचिंग संस्थान और स्कूल व कॉलेज हैं, वहां अचानक पुलिस पहुंची। बिना काम के यहां घूम रहे मनचले, कोचिंग से छूटने के बाद गुमटियों पर समूह बनाकर खडे छात्रों को पुलिस ने समझाइश दी। दो युवक तो बाइक छोडकर भाग गए, जबकि 15 ऐसे थे, जो यहां बिना काम के घूम रहे थे। वहीं छात्राओं से कहा, अगर कोई परेशानी हो तो पुलिस को सूचित करें।
डीजीपी ने दो दिन पहले वीडियो कान्फ्रेंसिंग में सभी जिलों के पुलिस अधिकारियों को निर्देशित किया था कि ऐसे क्षेत्र चिन्हित करें, जहां कोचिंग संस्थान अधिक हैं। वहां पुलिस फोर्स भेजकर लगातार अभियान चलाएं और फालतू घूमने वालों पर कार्रवाई करें। एसपी नवनीत भसीन ने सुबह 8 बजे थानों को पॉइंट दिया कि जहां-जहां कोचिंग संस्थान, गर्ल्स स्कूल-कॉलेज हैं वहां तत्काल पहुंचे और आवारागर्दी कर रहे युवकों पर कार्रवाई करें।
लक्ष्मीबाई कॉलोनी टीआई ज्ञानेंद्र सिंह फोर्स के साथ सुबह 10 बजे लक्ष्मीबाई कॉलोनी पहुंचे। यहां चाय की गुमटी पर समूह में युवक खडे थे। जैसे ही पुलिस को देखा तो इनमें खलबली मच गई। दो अपनी बाइक छोडकर भाग गए। इनकी बाइक जब्त कर थाने भिजवाई। यहां 5 युवक ऐसे थे, जो लक्ष्मीबाई कॉलोनी आने का कारण ही नहीं बता पाए। इनके पास न तो बैग था और न ही किसी कोचिंग का पहचान पत्र। इन्हें थाने भिजवाया। इनके परिजनों को थाने बुलवाया गया। शाम को फिर यहां पुलिस पहुंची। कॉलोनी में गुमटी वालों को हिदायत दी कि अगर गुटखा और सिगरेट बेची तो कार्रवाई की जाएगी।
टीआई माधौगंज प्रशांत यादव फोर्स के साथ सुबह 11 बजे रायसिंह का बाग पहुंचे। यहां दो युवक बाइक दौडा रहे थे। इनकी बाइक जब्त की और शांति भंग करने की कार्रवाई की। 3 युवक और पकडे, जो बिना काम के यहां आए थे।
पद्मा विद्यालय और केआरजी के बाहर टीआई कंपू विनय शर्मा पहुंचे। यहां से चार युवकों को पकडा। यहां खडे हाथ ठेलों को हटवाया। इन पर युवक खडे होते हैं।
मुरार में सक्सेस कोचिंग है। यहां बुधवार शाम को एक छात्रा को कुछ युवक परेशान कर रहे थे। यहां जब शिक्षक शैलेष यादव पहुंचे तो बाइक सवार युवक कट्टा लहराते हुए भाग गए। इसकी शिकायत एसपी से की गई थी। एसपी ने मुरार पुलिस को भेजा। यहां खडे आधा दर्जन युवकों के नाम पते दर्ज कर छोड दिया गया। उपद्रव करने वाले युवकों का पता नहीं लगा है।
