इंदौर। देश की सबसे क्लीन सिटी मप्र के इंदौर शहर के बीचोबीच राजवाड़ा और उसके आसपास के क्षेत्र में तेजी से बढ़ रहे वाहनों के दबाव को कम करने के लिए राजवाड़ा परिसर को वाहनों से पूरी तरह मुक्त करने के लिए नगर निगम और स्मार्ट सिटी कंपनी ने काम शुरू कर दिया है ।
राजवाड़ा को नो व्हीकल जोन बनाने के लिए स्मार्ट सिटी कंपनी ने कांसेप्ट प्लान तैयार कर लिया है । इस प्लान के आधार पर जो मॉडल तैयार किया गया है उसमें राजवाड़ा को पूरी तरह से ओपन दिखाया गया है यानी राजवाड़ा के बगीचे को कवर कर रही चारों तरफ की दीवारें हटा दी जाएंगी और पूरा बगीचा ओपन रहेगा , जबकि अहिल्याबाई की प्रतिमा वहीं रहेगी । डिजाइन फाइनल होने के बाद इसकी डीपीआर बनाई जाएगी । फिलहाल अफसरों के बीच मंथनका दौर चल रहा है । राजवाड़ा के प्रति शहरवासियों की आत्मीयता जुड़ी हुई है ।
यह एक ऐसा स्थल है जिसकी ऐतिहासिक इमारत इंदौर की पहचान पूरे देश में बनी हुई है । राजवाड़ा और उसके आसपास के क्षेत्र को नो व्हीकल जोन तथा पैदल आवागमन क्षेत्र विकसित करने के लिए नगर निगम और स्मार्ट सिटी कंपनी ने मिलकर कंसेप्ट प्लान तैयार किया है । इसी प्लान के आधार पर राजवाड़ा चौक का मॉडल और डिजाइन तैयार किया है ।
राजवाडा के बगीचे में नहीं होगी छेडछाड
स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के लिए नियुक्त किए गए कंसल्टेंट विजय मराठा ने बताया कि राजवाड़ा को लेकर जो प्लान तैयार किया जा रहा है उसके मुताबिक बगीचे को पूरी तरह से ओपन रखा जाएगा । अहिल्याबाई की प्रतिमा जहां स्थापित है वहीं रहेगी । बगीचे की लम्बाई और चौड़ाई जितनी है उतनी ही रहेंगी, केवल बगीचे को कवर कर रही चारों तरफ की दीवारें हटा दी जाएंगी ताकि व्यक्ति बगीचे में घूम – फिर सके।
उन्होंने बताया कि अभी केवल कंसेप्ट प्लान तैयार किया गया है । प्रोजेक्ट पर काम चल रहा है । राजवाड़ा और इसके आसपास में आने वाले वाहन चालकों के लिए 7 स्थानों पर मल्टीलेवल पार्किग बनाने की योजना है । यह कार्य स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के अंतर्गत किया जाएगा ।
उन्होंने बताया कि राजवाड़ा नो व्हीकल जोन के लिए कसेप्ट प्लान बना लिया है । इस प्लान के आधार हमने राजवाड़ा बगीचे का डिजाइन व मॉडल तैयार कर लिया है। अब डीपीआर बनाने पर काम चल रहा है । सब कुछ तैयार हो जाने के बाद अतिम निर्णय लिया जाएगा ।
बताया गया है कि स्मार्ट सिटी परियोजना के अंतर्गत राजवाड़ा और इसके आस पास का क्षेत्र , जो कि जवाहर मार्ग और एमजी रोड तथा नृसिंह बाजार रोड से कृष्णपुरा छत्री तक का भाग है , को नो व्हीकल जोन के रूप में विकसित किया जाना प्रस्तावित है । दोनों मार्गों पर अध्ययन किया जा रहा है ।
