ग्वालियर। मध्यप्रदेश के भिण्ड जिले के लहार में अमानक खाद्य सामग्री बनाकर बेचने के मामले में एसटीएफ पुलिस की ओर से आरोपी बनाए गए व्यापारी राजीव गुप्ता ने कल सोमवार को भिण्ड में मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी (सीजेएम) अजय पैंदाम के न्यायालय में सरेंडर किया। उस पर 10 हजार का इनाम घोषित था, लेकिन यहां सरकारी वकील द्वारा एसटीएफ पुलिस बुला लिए जाने के बाद न्यायाधीश ने उन्हें तीन दिन के लिए पुलिस रिमांड पर भेज दिया है।
अतिरिक्त लोक अभियोजक (एडीपीओ) इंद्रेश कुमार प्रधान ने आज यहां बताया कि एसटीएफ ने मिलावटी दूध व उससे बनी सामग्री की रोकथाम के लिए अचानक भिण्ड जिले के लहार में छापामार कार्यवाही की थी। जहां राजीव गुप्ता के यहां से अमानक खाद्य सामग्री पकडी गई थी। इसके बाद एसटीएफ पुलिस ने व्यापारी राजीव गुप्ता निवासी पीएचई कॉलोनी लहार, स्थाई पता ग्राम, पोस्ट टोला व थाना रावतपुरा सरकार के विरुद्ध खाद्य सुरक्षा अधिनियम की धाराओं के तहत केस दर्ज किया था।
मामला दर्ज होने के बाद से राजीव गुप्ता फरार हो गया था। उसकी गिरफ्तारी के लिए एसटीएफ के पुलिस अधीक्षक ने 10 हजार रुपए इनाम घोषित किया था। राजीव गुप्ता ने कल सोमवार को मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी के यहां पहुंचकर सरेंडर किया लेकिन एडीपीओ इंद्रेश कुमार प्रधान ने ग्वालियर एसटीएफ को सूचना कर दी। एसटीएफ ने न्यायालय में पहुंचकर एडीपीओ के माध्यम से आरोपी को पुलिस रिमांड पर देने की न्यायालय से गुजारिश की। ऐसे में न्यायालय ने आरोपी गुप्ता को 12 सितंबर तक के लिए पुलिस रिमांड पर भेज दिया है।
