हरियाणवी मॉडल शीतल उर्फ सिम्मी चौधरी की हत्या के मामले में पुलिस मंगलवार को खुलासा कर चुकी है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक हत्यारोपी सुनील सिम्मी का दोस्त था, जिसने वारदात को अंजाम देने की बात कबूल ली है। सुनील के अनुसार सिम्मी विशाल नामक शख्स से शादी करना चाहती थी, जो सुनील को मंजूर नहीं था। सुनील मूल रूप से पानीपत के इसराना का है, जो करनाल के मॉडल टाउन में सुकून नामक होटल चलाता था। सिम्मी पहले से शादीशुदा थी, जो 2 बच्चों की मां थी।
3 साल पहले उसका तलाक हो चुका था, जो नए जीवनसाथी की तलाश कर रही थी। सुनील और सिम्मी एक मॉल में जॉब करते थे, जहां से दोनों के बीच दोस्ती हुई। बात शादी तक पहुंच गई थी। इसी बीच सिम्मी को उसके शादीशुदा और 2 बच्चे होने की बात पता लग गई थी। इसके बाद से वह उससे दूरी बनाने लगी थी।
आरोपी 2 दिन के रिमांड पर
सिम्मी की जिंदगी में विशाल की एंट्री हो चुकी थी। यहां तक कि वह अपने हाथ पर उसके नाम का टैटू भी गुदवा चुकी थी। सिम्मी का परिवार भी विशाल को पसंद करता था। इसके बाद सुनील ने तय किया था कि वह सिम्मी को किसी और से शादी नहीं करने देगा, चाहे उसकी जान ही लेनी पड़े। उसने प्लानिंग के तहत ही कार में चाकू रखा था। सूत्रों के मुताबिक सुनील को शीतल की जान लिए जाने का कोई पछतावा नहीं है। पुलिस उसकी कॉल डिटेल निकाल रही है। आरोपी को 2 दिन के रिमांड पर लिया गया है।
हत्या के बाद नहीं फेंका शव
14 जून की रात को सुनील सिम्मी को ठिकाने लगाने के लिए ही घर से निकला था। उसे पता लगा था कि वह अहर गांव में शूटिंग के लिए आई है। यहां से सुनील सिम्मी को घर पानीपत छोड़ने के लिए कार से निकला था। रास्ते में विशाल की कॉल आने पर दोनों में झगड़ा हुआ था। बात बढ़ने पर सुनील ने शीतल को चाकू से गोदकर मौत के घाट उतार दिया। हत्या के बाद 15 किलोमीटर तक कार लेकर घूमता रहा। इसके बाद कार को पानीपत नहर में गिरा दिया और खुद बाहर निकल आया।
