भोपाल। मध्यप्रदेश में कोरोना महामारी के संकट से निपटने के लिए कोरोना वॉलेंटियर्स लोगों में जन जागरूकता लाने के लिए सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। आधिकारिक जानकारी के अनुसार प्रदेश में प्रशासन और जन-प्रतिनिधि, जन अभियान परिषद के वॉलेंटियर्स, समाजिक संस्थाएँ, सामाजिक कार्यकर्ता और ग्रामीण क्षेत्रों में स्व-सहायता समूह की महिलाएँ भी कोरोना के प्रति जन-जागरूकता लाने में सक्रिय भूमिका निभा रही हैं। इसके साथ ही अनेक जिलों में कोरोना संक्रमण को रोकने और उपचार की व्यवस्थाओं के लिये अभिनव नवाचार भी किये जा रहे हैं।
कोरोना संक्रमण की चेन को तोडने के लिये कई जिलों में नवाचार किये गये, जो काफी कारगर भी साबित हुए हैं। बुरहानपुर में कोरोना की चेन तोड़ने के लिए वॉलेंटियर्स द्वारा नागरिकों को घर से बाहर निकलते समय मास्क का उपयोग करने, वैक्सीनेशन सेंटर पर जाकर वैक्सीन लगवाने, सोशल डिस्टेसिंग का पालन करने, जनता कर्फ्यू के दौरान घर से बाहर नहीं निकलने एवं प्रशासन के आदेशों का पालन करने की समझाइश दी जा रही हैं।
छिंदवाड़ा जिले में स्वास्थ्य विभाग में कार्यरत वाहन चालक मालवी कोरोना महामारी की रोकथाम में विगत एक वर्ष से शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में कोविड सैंपलिंग कार्य में सैंपलिंग टीम के साथ समर्पित होकर कोरोना योद्धा की भूमिका निभा रहे हैं। वहीं भिण्ड जिले में रणवीर सिंह कौरव ने कोरोना वॉलेंटियर के रूप में 7 ग्रामों में जन-जागरूकता अभियान चला कर अब तक 200 मास्कों का नि:शुल्क वितरण किया और 300 से अधिक लोगों को टीके लगवाने के लिये प्रेरित किया है।
