ग्वालियर। प्रदेश पहले से ही रेमडेसिविर इंजेक्शन की कमी से जूझ रहा है तो वहीं अब ऑक्सीजन की किल्लत ने मरीजों की सांसे थमा दी है। हर रोज ऑक्सीजन खत्म होने से कोरोना से पीड़ित मरीजो की जान जा रही है। ताजा मामला ग्वालियर जिले का है। जहां शुक्रवार शाम एक के बाद एक 7 अस्पतालों की ऑक्सीजन खत्म होने से अफरा-तफरी मच गई। अंचल के सबसे बड़े अस्पताल जयारोग्य चिकित्सालय के मेडिसिन आईसीयू सहित अन्य अस्पतालों में ऑक्सीजन खत्म हो गया। जेएएच के मेडिसिन आईसीयू में मरीजों को आनन-फानन में मुख्य भवन (पत्थरवाली बिल्डिंग) में शिफ्ट किया गया। इस दौरान ऑक्सीजन न मिलने से रात 11.30 बजे भाजपा नेता राजकुमार बंसल (65) और आपागंज निवासी फुंदन हसन (75) और एक अन्य मरीज की मौत हो गई।
मंत्री-कलेक्टर और एसपी रातभर डटे रहे सड़कों पर
अस्पतालों में एक-एक कर ऑक्सीजन खत्म होने की सूचना जब शासन और प्रशासन को लगी तो पूरा मोर्चा व्यवस्थाओं में जुट गया। रात भर ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर, कलेक्टर कौशलेन्द्र सिंह, एसपी अमित सांघी रात भर सड़कों पर डटे रहे हैं। कलेक्टर, एसपी ने ट्रांसपोर्ट नगर में वेंडर की दुकानें खुलवाकर तत्काल ऑक्सीजन का इंतजाम किया। शनिवार सुबह एक ऑक्सीजन टैंकर जेएएच पहुंचा। इधर, जिला प्रशासन राहत ही ले रही थी कि शनिवार सुबह वेदांश हॉस्पिटल में ऑक्सीजन खत्म होने पर लोगों ने सड़क पर जाम लगा दिया।
