इंदौर। मध्यप्रदेश के इंदौर में सर पैट्रिक गिडीज द्वारा 1918 में तैयार इंदौर के मास्टर प्लान के आधार पर नगर निगम ने पूरे राजबाडा क्षेत्र को नो-व्हीकल जोन बनाने का प्लान बनाया है। राजबाडा क्षेत्र नो-व्हीकल जोन होने पर वाहन सिर्फ खजूरी बाजार होते हुए कृष्णपुरा छत्री के बीच एमजी रोड पर, कृष्णपुरा पुल से नंदलालपुरा चौराहा, जवाहर मार्ग और सीतलामाता बाजार की नई स्मार्ट सडक से ही गुजर सकेंगे।
दरअसल, राजबाडा और उसके आसपास के पूरे ऐतिहासिक क्षेत्र का जीर्णोद्धार स्मार्ट सिटी मिशन के तहत किया जा रहा है। पूरा सराफा, बोहरा बाजार, सांठा बाजार, शकर बाजार, बर्तन बाजार, पीपली बाजार, मारोठिया बाजार, पीवाय रोड नो-व्हीकल जोन के दायरे में रहेंगे। यहां वाहनों का आवागमन पूरी तरह बंद रहेगा। नो-व्हीकल जोन घोषित करने के पहले इस क्षेत्र में पार्किंग की जरूरत को देखते हुए 9 स्थानों पर 600 चार पहिया वाहनों और 2600 दो पहिया वाहनों के बहुमंजिला पार्किंग बनाए जाएंगे। गुरुद्वारा से राजबाडा के बीच, गणेश कैप मार्ट वाली गली, शकर बाजार, राजबाडा के पीछे के रोड, पीपली बाजार सहित अन्य मार्गों पर ऑन स्ट्रीट पार्किंग का विकास किया जाएगा।
निगमायुक्त आशीष सिंह ने बताया राजबाडा और आसपास के बाजारों के ऐतिहासिक महत्व को ध्यान में रखते हुए पहले इस प्रस्ताव को जनप्रतिनिधियों को भेजा जाएगा और सुझाव व बदलाव पर चर्चा होगी। इसके साथ ही ट्रैफिक पुलिस से भी अभिमत लिया जाएगा। शहर की दूसरी धरोहर है 56 दुकान यहां भी देश-विदेश से पर्यटक आते हैं। अवकाश के दिनों में यहां सबसे ज्यादा होती है। स्मार्ट सिटी द्वारा करवाए सर्वे में खुलासा हुआ कि यहां 70 चार पहिया वाहन और 150 दो पहिया वाहन पार्क होते हैं। इससे पैदल चलने वालों के लिए स्थान ही नहीं बचता। इसके चलते इसे भी नो-व्हीकल जोन कर आसपास पार्किंग की व्यवस्था की जाएगी। इस प्रस्ताव को भी जनप्रतिनिधियों से सुझाव लेने के बाद लागू किया जाएगा
