मुरैना। राजस्थान के चंबल राजघाट पर रात्रि में गश्त कर रहे राजस्थान के धौलपुर जिले के 2 पुलिस आरक्षकों को सोमवार रात 8-10 लोगों ने कार अडाकर रोका और बीहड में बंधक बनाकर लात-घूंसों, बेल्टों से पीट-पीटकर अधमरा कर दिया। इसके बाद बेहोशी की हालत में पुलिस आरक्षकों को बीहडों में छोडकर भाग गए। घायल पुलिसकर्मी किसी तरह मध्यप्रदेश के मुरैना के अजीतपुरा गांव पहुंचे, जहां से ग्रामीणों की मदद से उन्होंने राजस्थान के धौलपुर पुलिस को सूचना दी। घायल आरक्षकों का आरोप है कि मारपीट के दौरान बदमाशों ने मुरैना के सुमावली से कांग्रेस विधायक ऐदल सिंह कंषाना के बेटे बंकू कंषाना से मोबाइल पर स्पीकर ऑन कर कहा – हमने इन दोनों को पकड लिया है।
तब विधायक के बेटे ने हमें मारते हुए ग्वालियर लाने के लिए कहा था। धौलपुर पुलिस ने इस मामले में सागरपाडा थाने में विधायक पुत्र सहित 14 लोगों के खिलाफ हत्या के प्रयास और सरकारी काम में बाधा डालने की एफआईआर दर्ज कर ली है। सभी आरोपी मुरैना जिले के ही हैं। धौलपुर के सागरपाडा थाने में पदस्थ सिपाही विजय पाल व हरिओम सोमवार शाम 6 बजे अपनी निजी बाइक से गश्त पर निकले। 10 बजे चंबल राजघाट पुल से होकर अल्लाबेली तक गश्त करने के बाद दोनों लौट रहे थे। राजघाट पुल पर पीछे से आई बिना नंबर की सफेद कार में आए लोगों ने मारपीट की। घायल सिपाहियों को धौलपुर के अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
मध्यप्रदेश के मुरैना जिले के सुमावली से कांग्रेस विधायक इंदल सिंह कंषाना के पुत्र बंकू कंषाना ने बताया कि इस घटना से मेरा कोई ताल्लुक नहीं है। मैं शाम 7 बजे से रात 11.30 बजे तक उस दिन ग्वालियर में था। इसके बावजूद भी पुलिस मेरे दोनों मोबाइल नंबरों की कॉल डिटेल निकलवाकर सत्यता की जांच कर सकती है।
राजस्थान के धौलपुर के पुलिस अधीक्षक मृदुल कच्छावा ने बताया कि सिपाहियों को पीटने वाले सभी आरोपी बजरी (रेत) के अवैध उत्खनन में लिप्त हैं। 13-14 लोगों की पहचान हो चुकी है। सुमावली विधायक ऐंदल सिंह के बेटे सहित 14 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। जल्द ही आरोपियों की गिरफ्तारी भी करेंगे।
